देहरादून: राजधानी देहरादून में बढ़ते अवैध निर्माण को लेकर मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने सख्त रुख अपनाया है। एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है और फिलहाल इसके लिए 25 तारीख तक की समयसीमा तय की गई है। हालांकि, यदि लोगों की मांग और परिस्थितियों को देखते हुए आवश्यकता महसूस हुई तो इस अवधि को आगे भी बढ़ाया जा सकता है।

उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों को नियमों के अनुरूप अपनी स्थिति स्पष्ट करने का अवसर देना भी है। इसी वजह से निर्धारित प्रक्रिया के तहत मामलों की समीक्षा की जा रही है।
बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून में तेजी से बढ़ रहे शहरीकरण के कारण आवासीय जरूरतों में लगातार वृद्धि हुई है। राज्य की राजधानी बनने के बाद शहर पर जनसंख्या का दबाव बढ़ा है, जिससे कृषि भूमि का उपयोग भी तेजी से रिहायशी क्षेत्रों के रूप में होने लगा है।
एमडीडीए का कहना है कि अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और विकास कार्यों को नियमानुसार संचालित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।






